बाबू हरिनाथ सिंह कहा करते थे हमार गांव सुखी हम सुखी
प्रतापगढ (सुरेश यादव): मानधाता ब्लाक के ग्राम सभा बरिस्ता एक ऐसी ग्राम सभा है जहा समाजसेवा को लोग विरासत मानकर अनवरत समाजसेवा मे जुटे रहते है। ग्राम सभा बरिस्ता के बरियार पुर से मुबंई पहुंचे बाबू हरिनाथ सिंह मेहनत कर एक सफल कारोबारी तो बन बैठे थे लेकिन अपने गांव के लोगो से लगाव कम नही होने दिए समय समय पर जरुरतमंद की मदद करते हुए अक्सर यह कहा करते थे ‘हमार गांव सुखी हम सुखी’ बस उनके इसी स्मृति वाक्य को सहेजने का भरपूर प्रयास उनके सुपुत्र पवन सिंह कर रहे है। पवन सिंह ने अपने पिता जी के स्वर्गवास के बाद उनकी स्मृति मे जरुरतमंद की मदद कर बाबू हरिनाथ सिंह जी को श्रध्दांजलि अर्पित करने का प्रयास किया है, जो गांव मे चर्चा का विषय बना हुआ है। स्वर्गीय हरिनाथ सिंह की स्मृति मे पवन सिंह द्वारा किया जा रहा यह स्मृति शेष जरुरतमंद सहयोग कार्यक्रम अपने आप मे अनोखा है, और पहली बार देखने को मिल रहा है। पवन सिंह ने बताया कि पिता जी मुबंई मे रहते जरूर थे लेकिन उनका ह्रदय हमेशा गांव मे लगा रहता था अक्सर पिताजी रात मे भोजन के बाद परिवार के साथ बैठते थे तो गांव की पुरानी बात और गाव के लोगो की चर्चा हमेशा करते थे। पवन सिंह ने कहा कि पिताजी हमेशा कहा करते थे की जब भी ईश्वर आर्थिक रुप से मजबूत करे तो गांव के जरुरतमंद की मदद जरूर करना चाहिए क्योंकि ‘हमार गांव सुखी तो हम सुखी’। बस उनके इसी स्मृति वाक्य को सहेजने का भरपूर प्रयास कर रहा हू। जिसके क्रम मे स्वर्गीय बाबूलाल कहार के घर पर बिजली व्यवस्था के लिए इलेक्ट्रिक समान की मदद और साथ ही साथ शारीरिक रूप से अपंग कल्लू यादव के घर पर पीने के पानी की व्यवस्था जिसमे हैंडपंप मोटर के साथ पक्का नल का चबूतरे का निर्माण किया गया/ बरियार पुर के प्रसिद्ध समाजसेवी हरिकेश सिंह जी के भतीजे पवन सिंह द्वारा अपने पिताजी की स्मृति मे की जा रही जरूरतमंद की मदद की गाव मे चर्चा है और लोग उनके इस नेक काम की सराहना कर रहे है।

